सावन का आखिरी यानी चौथा सोमवार साल 2026 में 24 अगस्त को पड़ रहा है। यह दिन सावन के व्रत-संकल्प का समापन माना जाता है, इसलिए इस दिन मंदिरों में भारी भीड़ देखने को मिलती है।
Table of Contents
आखिरी सोमवार को कई भक्त पूरे महीने के व्रत का उद्यापन (व्रत समाप्ति की विधि) भी करते हैं। इस दिन विशेष रूप से रुद्राभिषेक, हवन और ब्राह्मण भोज कराने की परंपरा है। मान्यता है कि आखिरी सोमवार पर की गई पूजा पूरे महीने के व्रत का पुण्य फल कई गुना बढ़ा देती है।
अगर आपने पूरे महीने व्रत नहीं रखा, तो भी अकेले आखिरी सोमवार का व्रत रखकर शिव कृपा प्राप्त की जा सकती है — ऐसा शास्त्रों में उल्लेख मिलता है।
इस दिन शाम की आरती और जलाभिषेक के लिए मंदिरों में सुबह से ही लंबी कतारें लगनी शुरू हो जाती हैं, इसलिए समय से पहले पहुंचने की सलाह दी जाती है।
FAQs
सावन 2026 का आखिरी सोमवार कब है?
24 अगस्त 2026।
आखिरी सोमवार पर उद्यापन क्यों किया जाता है?
यह पूरे महीने के व्रत संकल्प के समापन का प्रतीक है।
क्या सिर्फ आखिरी सोमवार का व्रत रखना पर्याप्त है?
हां, शास्त्रों के अनुसार यह भी फलदायी माना गया है।